महिला दिवस पर पीएम मोदी की दिल्ली को बड़ी सौगात: 33,500 करोड़ की परियोजनाओं का शुभारंभ, देश की पहली ‘रिंग मेट्रो’ का उद्घाटन

नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली को विकास की कई बड़ी सौगातें दीं। राजधानी में करीब 33,500 करोड़ रुपये की विभिन्न परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया गया। इनमें दिल्ली मेट्रो के नए कॉरिडोर, सरकारी आवास, बिजनेस पार्क और कई बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट शामिल हैं। सबसे खास बात यह रही कि पिंक लाइन के नए सेक्शन के शुरू होने के साथ ही दिल्ली मेट्रो नेटवर्क देश की पहली पूरी तरह संचालित “रिंग मेट्रो” बन गया।

दिल्ली मेट्रो को मिला नया विस्तार

प्रधानमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान दिल्ली मेट्रो के दो महत्वपूर्ण कॉरिडोर का उद्घाटन किया। इनमें पिंक लाइन का मजलिस पार्क से मौजपुर-बाबरपुर तक 12.3 किलोमीटर लंबा खंड और मैजेंटा लाइन का दीपाली चौक से मजलिस पार्क तक लगभग 9.9 किलोमीटर लंबा विस्तार शामिल है। पिंक लाइन के इस नए सेक्शन में आठ एलिवेटेड स्टेशन बनाए गए हैं।

इस नए विस्तार के बाद पिंक लाइन की कुल लंबाई लगभग 71.56 किलोमीटर हो गई है। यह कॉरिडोर गोलाकार नेटवर्क को पूरा करता है, जिसके चलते दिल्ली मेट्रो देश की पहली ऑपरेशनल रिंग मेट्रो बन गई है। इससे यात्रियों को बिना लंबा रूट बदले कई हिस्सों में सीधे कनेक्टिविटी मिलेगी।

इन स्टेशनों से गुजरती है नई लाइन

मजलिस पार्क से मौजपुर-बाबरपुर तक के नए कॉरिडोर में कुल 10 स्टेशन बनाए गए हैं। इनमें मजलिस पार्क, बुराड़ी, झारोदा माजरा, जगतपुर-वजीराबाद, सूरघाट, नानकसर-सोनिया विहार, खजूरी खास, भजनपुरा, यमुना विहार और मौजपुर-बाबरपुर शामिल हैं।

इन स्टेशनों के शुरू होने से उत्तर और पूर्वी दिल्ली के कई इलाकों को बेहतर मेट्रो कनेक्टिविटी मिलेगी और दैनिक यात्रा करने वाले लाखों लोगों को राहत मिलेगी।

तीन नए मेट्रो कॉरिडोर की भी रखी आधारशिला

प्रधानमंत्री ने मेट्रो विस्तार योजना के चरण-V (A) के तहत तीन नए कॉरिडोर की आधारशिला भी रखी। इसमें रामकृष्ण आश्रम मार्ग से इंद्रप्रस्थ तक लगभग 9.913 किलोमीटर लंबा भूमिगत सेंट्रल विस्टा कॉरिडोर शामिल है। इस मार्ग पर शिवाजी स्टेडियम, केंद्रीय सचिवालय, इंडिया गेट, युद्ध स्मारक-उच्च न्यायालय, बड़ौदा हाउस, भारत मंडपम और इंद्रप्रस्थ जैसे स्टेशन बनाए जाएंगे।

इसके अलावा एयरोसिटी से इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के टर्मिनल-1 तक गोल्डन लाइन का 2.263 किलोमीटर लंबा भूमिगत विस्तार और तुगलकाबाद से कालिंदी कुंज तक 3.9 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड विस्तार भी प्रस्तावित है। इन परियोजनाओं से एयरपोर्ट कनेक्टिविटी और दक्षिण दिल्ली के इलाकों तक पहुंच और आसान होगी।

आवास और बिजनेस इंफ्रास्ट्रक्चर को भी बढ़ावा

मेट्रो परियोजनाओं के साथ-साथ प्रधानमंत्री ने सरकारी आवासीय परियोजनाओं का भी उद्घाटन किया। जीपीआरए कॉलोनियों के 2722 नए फ्लैट्स का उद्घाटन किया गया, जबकि 6632 अतिरिक्त फ्लैट्स के निर्माण का शिलान्यास किया गया।

इसके अलावा सरोजनी नगर में भारत बिजनेस पार्क परिसर की आधारशिला भी रखी गई। कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने जीपीआरए टाइप-5 क्वार्टर का दौरा किया और महिला दिवस के अवसर पर महिलाओं को घरों की चाबियां भी सौंपीं।

पड़ोसी शहरों के यात्रियों को मिलेगा फायदा

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के अनुसार, इन परियोजनाओं में लगभग 18,300 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश किया जाएगा। मेट्रो विस्तार से दिल्ली के साथ-साथ फरीदाबाद, बल्लभगढ़ और नोएडा से आने-जाने वाले यात्रियों को भी बड़ी सुविधा मिलेगी।

फरीदाबाद और बल्लभगढ़ से आने वाले यात्री वायलेट लाइन के जरिए एयरपोर्ट तक आसानी से पहुंच सकेंगे। वहीं नोएडा से आने वाले यात्रियों को कालिंदी कुंज के रास्ते दक्षिण दिल्ली और एयरपोर्ट के लिए बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।

सार्वजनिक परिवहन को मिलेगा बड़ा सहारा

सरकार का कहना है कि इन परियोजनाओं का उद्देश्य राजधानी में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को और मजबूत बनाना है। मेट्रो नेटवर्क के विस्तार से ट्रैफिक जाम कम करने, यात्रा समय घटाने और पर्यावरण के लिहाज से बेहतर परिवहन प्रणाली विकसित करने में मदद मिलेगी। आने वाले वर्षों में दिल्ली मेट्रो का नेटवर्क और भी व्यापक होने की उम्मीद है।